“यह आत्मा समझती है कि शिवबाबा कहते हैं – मैं टैप्रेरी जीव आत्मा बनता हूँ। तुम स्थाई जीव आत्मा हो। मैं सिर्फ संगम पर ही टैप्रेरी जीव आत्मा हूँ। सो भी तुम्हारे मुआफिक नहीं बनता। मैं इस जीव में प्रवेश Read more…
“सतयुग में लौकिक बाप होते पारलौकिक बाप को कोई याद नहीं करते क्योंकि है ही सुखधाम। उस पारलौकिक बाप को दु:ख में याद करते हैं। यहाँ पढ़ाया जाता है, मनुष्य को समझदार बनाया जाता है।” “In the golden age, while Read more…
“बाप कहते हैं पहले–पहले तुम बच्चों को पतित शूद्र से ब्राह्मण बनाता हूँ। पावन बनते–बनते फिर 21 जन्मों के लिए तुम दैवी सम्प्रदाय बन जायेंगे। दैवी गोद में जायेंगे। आगे थे आसुरी गोद में। आसुरी गोद से फिर तुम ईश्वरीय Read more…
“तुम सब पण्डे हो। बाबा भी पण्डा है। उनको कहा जाता है – गाइड। पण्डा अक्षर शुभ है। यात्रा पर ले जाने वाले पण्डे होते हैं। यात्री जाते हैं तो उनको एक गाइड मिलता है कि इनको यह सब दिखाओ। Read more…
“एक तरफ है सारी दुनिया – भक्ति मार्ग वाले और दूसरे तरफ हो तुम बच्चे ज्ञान मार्ग वाले। वह भक्ति की सीढ़ी चढ़ते रहते हैं और तुम बच्चे फिर ज्ञान की सीढ़ी चढ़ते हो। भक्ति की सीढ़ी उतरते हो। बच्चे Read more…
“कोई आपसे पूछे परमात्मा कहाँ है? तो क्या जवाब देंगे? मेरे साथ है। मेरे साथ ही रहते हैं। मेरे दिल में ही रहते हैं।” “When someone asks you where God is, what reply would you give him? “He is with Read more…
“अभी सबकी कयामत का समय है। बाप ही आकर सबको उठायेंगे। कयामत के समय ही खुदा, भगवान आते हैं। वही ज्ञान का सागर है। लिखा हुआ है – सागर के बच्चे भस्मीभूत हो गये थे अर्थात् काम चिता पर बैठ Read more…
“जो चीज़ होकर गई है वह फिर से जरूर होनी है।” “Anything that existed in the past definitely has to exist again.” “श्रीमत है ही बापदादा की मत।” “Shrimat are directions from BapDada.” “शिव निराकार, शंकर आकारी है। श्रीकृष्ण तो Read more…
“तुम तो कहते हो शिवबाबा। ब्रह्मा, विष्णु, शंकर को बाबा नहीं कहेंगे। वह तो देवता है। भगवान को ही बाबा कहेंगे, वह है निराकार, जिसकी पूजा करते हैं। जानते हैं शिवबाबा सभी का है। परन्तु यह ख्याल नहीं आता कि Read more…
Advanced, Sakar Vaani - Key Points in Hindi and English, आत्मा | Soul, मातेश्वरी जी | Mateshwari ji, शिव बाबा | Shiv Baba
Other Topic(s): Birth Cycle; “कलियुग अन्त तक भक्ति मार्ग चलता है, इसमें ज्ञान होता नहीं। ज्ञान से होती है सद्गति। सर्व का सद्गति दाता बाप जब तक न आये तब तक सद्गति हो न सके। बाप कहते हैं – मैं Read more…