“बच्चे जानते हैं कि यह रूहानी परिवार है, वह सब है जिस्मानी परिवार। यह है रूहानी परिवार। रूहानी बाप का यह परिवार, जैसे लौकिक घर में माँ–बाप, बच्चे होते हैं, वह हुआ हद का परिवार। तुम अभी बेहद की फैमिली Read more…
“पवित्रता हमारा जन्म सिद्ध अधिकार है इसलिए पवित्रता सिर्फ ब्रह्मचर्य नहीं लेकिन मन–वाणी–कर्म, सम्बन्ध–सम्पर्क में भी पवित्रता। पवित्रता के संस्कार सहज धारण करने वाले हो। तो पवित्रता का तो संकल्प किया है लेकिन अभी समय अनुसार बापदादा समय की वार्निंग Read more…
“बेहद का बाप आया हुआ है। कल्प–कल्प आते हैं, माया रावण ने जो हमारा राज्य–भाग्य छीन लिया है, वह हम आत्माओं को फिर से अपना राज्य–भाग्य बाबा आकर देते हैं। ऐसे नहीं कि कोई लड़ाई से छीना गया है। नहीं। Read more…
“भक्ति मार्ग में तुम बच्चों ने बहुत दु:ख देखे हैं। करके थोड़ा सुख है तो भी अल्पकाल के लिए। भक्ति में साक्षात्कार होता है। सो भी अल्पकाल के लिए तुम्हारी आश पूरी होती है, यह साक्षात्कार होता है – वह Read more…
Sakar Vaani - Key Points in Hindi and English, आत्मा | Soul, परमात्मा | शिव बाबा | Supreme Soul | Shiv Baba
“आत्मा जानती है हम बिन्दी हैं। हमारा बाप भी ऐसे है। आत्मा ही प्रेजीडेन्ट है, आत्मा ही नौकर है। पार्ट आत्मा ही बजाती है। बाप है सबसे स्वीट। सब याद करते हैं हे पतित–पावन, दु:ख–हर्ता सुख–कर्ता आओ। अब तुम बच्चों Read more…
“ओम् शान्ति का अर्थ तो बच्चों को समझाया है। आत्मा अपना परिचय देती है। मेरा स्वरूप शान्त है और मेरा रहने का स्थान शान्तिधाम है, जिसको परमधाम, निर्वाणधाम भी कहा जाता है। बाप भी कहते हैं कि देह–अभिमान छोड़ देही–अभिमानी Read more…
“बहुत आजकल निकले हैं जो कहते हैं मेरे में शिवबाबा आते हैं, इसमें बड़ी सम्भाल चाहिए। माया की बहुत प्रवेशता होती है, जिनमें आगे श्री नारायण आदि आते थे, वह भी आज हैं नहीं। सिर्फ प्रवेशता से कुछ होता नहीं Read more…
“बच्चों को यह स्मृति में रखना चाहिए कि सतयुग–त्रेता किसको कहा जाता है, द्वापर–कलियुग किसको कहा जाता है। उनमें कौन–कौन राज्य करते थे, तुम्हारी बुद्धि में पूरी नॉलेज है। जैसे बाप को रचना के आदि–मध्य–अन्त का ज्ञान है, वैसे तुम्हारी Read more…
Advanced, Avyakt Vaani - Key Points in Hindi and English, ज्ञान | Knowledge, पुरुषार्थ | Effort, योग | Yoga
“आप सभी बच्चों का सर्व आत्माओं के प्रति चैलेन्ज है कि हम योगी जीवन वाले हैं। सिर्फ योग लगाने वाले नहीं लेकिन योगी जीवन वाले हैं। जीवन दो चार घण्टे की नहीं होती। जीवन सदाकाल के लिए होती है। तो Read more…
“बच्चे जानते हैं – हमको उनके साथ जाना है, यह शरीर छोड़ देना है इसलिए कहते हैं, यह शरीर छोड़करके हम चले जायेंगे बाप के साथ। बाप आये ही हैं साथ ले जाने। यह बहुत समझ की बात है। बच्चे Read more…