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Tag: उतरती कला और चढ़ती कला | Ascension and Descension

14th April 2026

“तुम बच्चों को बाबा बहुत सहज बात बताते हैं, बरोबर यहाँ भारत में ही स्वर्ग था। लक्ष्मी–नारायण का राज्य था। चित्र भी हैं, यह तो सब मानेंगे कि सतयुग में उन्हों का राज्य था। वहाँ कोई दु:खी नहीं था, सम्पूर्ण…

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13th April 2026

“तुम बच्चे कहेंगे हम फिर से सो देवता विश्व के मालिक बन रहे हैं। हम मालिक थे, अब तो क्या हाल हो गया है। कहाँ से कहाँ आकर पडे हैं। 84 जन्म भोगते–भोगते यह हाल आकर हुआ है। ड्रामा को…

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11th March 2026

Topic: Ascension and Descension; Dieties; BapDada   “कहते हैं आत्मा एक स्टार मिसल है, भ्रकुटी के बीच में चमकता है सितारा फिर कहते आत्मा सो परमात्मा। तो परमात्मा भी स्टार हुआ ना।” “They say: “A soul is like a star…

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10th March 2026

Topic: Soul Conscious; Shiv Baba; Sato-Rajo-Tamo   “बाप समझाते हैं, रावण राज्य होने से तुम देह–अभिमानी बने, तो तुम्हारा यह हाल होने लगा। सीढ़ी भी दिखाई है – कैसे डाउन फाल हुआ, वर्थ नाट ए पेनी का भी मुख्य कारण…

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28th February 2026

“आपस में बैठ राय करनी चाहिए कि इन प्रदर्शनी के चित्रों द्वारा हम ऐसी क्या एडवरटाइजमेंट करें, जो अखबार में भी चित्र दें, आपस में इस पर सेमीनार करना चाहिए।” “Sit and discuss among yourselves how you can advertise this…

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12th February 2026

Title: Soul   “रूहानी बच्चों ने गीत सुना अर्थात् रूहों ने इस शरीर के कान कर्मेन्द्रियों द्वारा गीत सुना। दूर देश के मुसाफिर आते हैं, तुम भी मुसाफिर हो ना। जो भी मनुष्य आत्मायें हैं वह सब मुसाफिर हैं। आत्माओं…

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1st February 2026

“दो शब्द गिराने वाले भी हैं, चढ़ाने वाले भी हैं, वह दो शब्द सभी जानते हैं, सबके मन में आ गया है। वह दो शब्द हैं – मैं और मेरा। भाषण में कहते हो ना, क्लास भी कराते हो ना।…

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26th January 2026

Title: शिव बाबा | Shiv Baba; सृष्टि चक्र | World Cycle; उतरती कला और चढ़ती कला | Ascension and Descension   “तुम बच्चे योगबल की लिफ्ट से सेकेण्ड में ऊपर चढ़ जाते हो अर्थात् सेकेण्ड में जीवनमुक्ति का वर्सा तुम्हें…

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